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प्यासे पंछी

***प्यासे पंछी*** वो भी तो एक ज़माना होता थाघर में हमारा चहचहाना होता थाअन्न के दाने और जल भी जबहमारे लिए भी घर में होता था…. घर में घोंसला भी बन जाता थातिनकों का महल सज जाता थानन्हें नन्हें बच्चों के कलरव सेघर गुंजायमान हो जाता था….. पर आह..!! मनुष्य ये क्या कियावृक्ष काट के…

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सम्पादकीय : मनमोहन शर्मा ‘शरण’

2 अक्टूबर, दो महान विभूतियों की जयंती, एक अहिंसा के पुजारी मोहनदास कर्मचन्द गाँधी जी जिन्हें प्यार से बापू भी कहा जाता है । दूसरी विभूति जिसने शून्य से शिखर तक की यात्र कर विपरीत परिस्थितियें में भी सत्य–साहस और पुरुषार्थ के बल पर कैसे विजय अर्थात् अपने लक्ष्य को साधा जा सकता है, ‘जय–जवान…

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कबीरा खड़ा बाज़ार में ………..

 देश में आपसी सद्भाव का मौसम बनता बिगड़ता रहा है । इन सबके बीच दिल्ली से भाजपा नेता बग्गा की गिरफ्तारी , शाहीन बाग से बुलडोजर की बिना एक्शन वापिस लौटना , कांग्रेस का पत्थरबाजो का हिमायती होना और ताजमहल का भी ऑपरेशन कराने के खबर के बीच अब राजनीति ज्ञानवापी और मथुरा की तरफ…

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भारत की एकता शांति समृद्धि और विकास का संकल्प हो

कविता मल्होत्रा (संरक्षक , स्तंभकार, उत्कर्ष मेल) भारत की आज़ादी का जश्न मनाने के लिए राष्ट्रीय ध्वज फहरा देने भर से किसी भी भारतवासी का अपने राष्ट्र के प्रति दायित्व पूरा नहीं हो जाता।भारत की एकता, शांति, समृद्धि और विकास का प्रतीक तिरंगा फहराना कोई रस्म नहीं बल्कि अपने देश के प्रति रक्षात्मक प्रवृत्ति का…

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आरोपों की अन्त्याक्षरी

राजनीतिक सफरनामा :   कुशलेन्द्र श्रीवास्तव तुकबंदी का दौर आ चुका है और यह तुक बंदी उत्तरप्रदेश से प्रारंभ हुई है । वहां के मुख्मंत्री ने एक नारा दिया ‘‘बंटेगें तो कटेंगें’’ अब इस नारे की काट खाजने के लिए तुकबं दी प्रारंभ हो गई । समाजवादी पार्टी ने अन्त्याक्षरी के जैसे इसे लपक लिया…

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कोख का बंटवारा

रामनरायण के दो बेटों का नाम रमेश और सुरेश है। युवा अवस्था में रामनारायण के मृत्यु होने के बाद उनकी पत्नी रमादेवी ने रामनारायण के जमा पूंजी और पूर्वजों से मिली संपत्ति से दोनों बेटों का परिवरिश किया। रमादेवी का बड़ा बेटा रमेश पढ़ लिखकर शहर में सरकारी विभाग पर बड़े बाबू के पद पर…

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जाने कहां गये वो दिन

यह बताते हुए अपार हर्ष की अनुभूति हो रही है कि आपके अपने राष्ट्रीय पाक्षिक समाचार पत्र् ‘उत्कर्ष मेल’ इस अंक (1–15 नवम्बर) के साथ दसवें वर्ष में प्रवेश कर रहा है । प्रभु कृपा और आपका प्यार है । सम्पादकीय लिखते समय सर्वप्रथम उन दो विभूतियों को मैंने भी नमन किया और भावों से…

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Placement Tips for Freshers in India

Rohit Pandey Head- Training & Placement GNIOT Group of Institutions Greater Noida The placement landscape for freshers in India can differ depending on several factors, including your academic background, skills, chosen field, and current economic conditions. However, there are generally good opportunities available for talented and motivated individuals. Here’s an overview: Sectors with high demand…

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जो जहां हैं वहीं पर रुक जाएं

Doctor Sudhir Singh जो जहां हैं वहीं पर रुक जाएं,‘होम शेल्टर’ का  सहारा ले लें.घर-गांव आने की  हड़बड़ी में,‘कोरोना’का खतरा बढ़ने न दें.सबों की  अपनी जिम्मेवारी है,उससे  हमलोग मुँह  नहीं मोड़ें.देश आपात स्थिति में खड़ा है,हर प्रकार से सब सहयोग करें.वक्त कभी  भी ढहरता नहीं है,आकर तेजी से  गुजर जाता है.‘कोरोना’ भी जाएगा जरूर ही,जागरुक…

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बड़ी अम्मा

बात  आज  की  नहीं  बरसों  पुरानी  है।तब  मैं  शायद सातवीं  या  आठवीं  कक्षा  में  रही  हूँगी। सर्दियों  के  दिन  थे। अच्छी -खासी  ठण्ड  पड़  रही  थी। हम  भाई –बहन  दिन  भर  स्कूल ,खेल –कूद  ,गृह -कार्य,तू-तू  मैं -मैं और तरह -तरह की खुरपातों  में  लगे  रहते  और  रात  को  खाना  खाने  के  बाद अपनी -2…

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