साहित्य मंडल संस्था,श्रीनाथद्वारा के तत्वावधान में 13-14 फरवरी को समायोजित समारोह में “हिन्दी शलाका सम्मान” प्रदान करने की घोषणा की गई है। तदर्थ, श्रीनाथजी के नमन करते हुए संस्था के प्रधानमन्त्री श्री श्यामप्रकाश देवपुराअन्य पदाधिकारियों के प्रति विशेष आभार।
राहुल जी समकालीन हिन्दी साहित्य के बहुमुखी प्रतिभा के प्रसिद्ध साहित्यकार हैं। उनकी कृतियों सामाजिक चेतना के साथ राष्ट्रीय एवं सांस्कृतिक उत्कर्ष की धारा प्रवाहित है। तत्कालीन महामहिम राष्ट्रपति डॉ.शंकर दयाल शर्मा (1994) एवं माननीय प्रधानमन्त्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी (1998) ने उनकी कृतियों का विमोचन करते हुए सम्मानित किया। उनकी अबतक 85 पुस्तकें (कविता, कहानी,उपन्यास, आलोचना, जीवनी,सम्पादन,भारतीय संस्कृति व राजभाषा विषयक और बाल-साहित्य) प्रकाशित हो चुकी हैं।
परम्परा से पृथक उनकी कृतियों में शिल्प और भाषा नवीनता ही नहीं, चिन्तन और दृष्टिकोण भी अपनी पृथक पहचान लिए है। अपनी रचनाओं में इन्होंने समाज-संस्कृति और मानव-मूल्यों की प्रबल प्रतिष्ठा की है।अनकी आलोचनाओं में उनका प्रखर भावबोध और नया भाषिक प्रयोग अद्वितीय है।
हिन्दी आकादमी, दिल्ली और उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान, लखनऊ द्वारा पुरस्कृत किया जा चुका है। आकाशवाणी, दिल्ली से वार्ताएँ प्रसारित।
