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जीवन का आनँद होने न पाए मँद

(कविता मल्होत्रा) दिशाहीन दौड़ मत दौड़ोअपनों का हाथ मत छोड़ो✍️जैसे-जैसे लॉकडाऊन खुलने लगा है, वैसे-वैसे मार-काट, चोरी-डकैती और आपसी भेदभाव के सर्प सर उठाने लगे हैं।कोरोना-काल के इतने बड़े बवंडर के बाद भी लोगों को अराधना का साफ आसमान दिखाई नहीं पड़ रहा है।क्या दीप जला कर मंत्रोच्चारण करने से ही ईश्वर की अराधना संपूर्ण…

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“समर्पण से मिलती है राह।”

समर्पण का अर्थ है “समस्त अर्पण” उस सर्वशक्तिमान के समक्ष जिसने हमें बनाया है। किसी निर्धारित उद्देश्य से हर प्राणी को पृथ्वी पर भेजा है। जब आप समर्पण भाव से जीवन को बिताते हैं तो सभी मुसीबतों से अपना नाता तोड लेते हैं। जो जैसा है उसे वैसा ही स्वीकार कर लेते हैं। ईश्वर के…

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परिवार के वट वृक्ष – पिता

पिता एक ऐसा शब्द जिसके बिना किसी के जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती। एक ऐसा पवित्र रिश्ता जिसकी तुलना किसी और रिश्ते से नहीं हो सकती है। यह सत्य है कि हमेशा माँ के बारे में ही लिखा जाता है । हर जगह माँ को ही स्थान दिया जाता है पर हमारे…

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पंजाबी फिल्म मजनू 22 मार्च को होगी रिलीज़, एक और रोमांटिक पोस्टर ने बढ़ाई दर्शकों की धड़कन .!

     पंजाबी फिल्मों की एक खास बात यही होती है कि वे अपनी मिट्टी की खुशबू को कभी नहीं भूलते।चाहे आप किसी पंजाबी फिल्म की शूटिंग अमेरिका, कनाडा या ब्रिटेन में कर लें लेकिन जब तक उसमें पंजाबियत की खुशबू नहीं आ जाती तब तक उस फिल्म के मूल में वो बात नहीं नज़र…

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ईरान में फंसे 234 भारतीय भारत पहुंचे : जयशंकर

नई दिल्ली: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने रविवार 15 मार्च को अपने ट्वीट के माध्यम से जानकारी दी कि कोरोनावायरस (कोविड)-19 प्रभावित ईरान में फंसे 234 भारतीय भारत पहुंच गए हैं, जिनमे 131 छात्र और 103 तीर्थयात्री शामिल हैं। ईरान से निकाले गए भारतीयों का यह तीसरा बैच है। इससे पहले शुक्रवार को ईरान से…

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साहित्य की अदालत।
कचहरी मे रीमा सिंन्हाजी ने लगाई हाजिरी।।

साहित्य की अदालत। साहित्य की कचहरी। अब देना होगा जवाब ।साहित्यकारों को भी, क्या लिखते हैं? क्यों लिखते हैं ?क्या है उनकी समाज के प्रति जवाबदेही??समाज के वर्तमान समय में साहित्य के प्रति अभिरुचि क्या है। आज के साहित्यकारों का रुझान कैसा होना चाहिए साहित्य के प्रति।ऐसे ही कुछ ज्वलंत प्रश्नों को लेकर शुरू की…

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रंग गालो पे कत्थई लगाना

अबके सावन में ओ रे पियाभीग जाने दो कोरी चुनरियामीठी मीठी सी बाली उमरियाभीग जाने दो कोरी चुनरिया हम को मिल ना सकेंतेरे रहमो करमसात रंगों में डूबे सातो जन्मरंग गालो पे कत्थई लगानाधीमे धीमें से खोलो किवडियाभीग जाने दो कोरी चुनरिया रंग प्रीत का धानी बहुत हैये नशा भी बहुत ही सुहानाएसे अल्हड से…

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ब्रिक्स राष्ट्रों की वैश्विक विकास में 50% हिस्सेदारी : मोदी

ब्रासीलिया: भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वैश्विक आर्थिक मंदी के बावजूद ब्रिक्स राष्ट्रों (ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका) ने आर्थिक विकास को गति दी है। ब्रिक्स बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, ब्रिक्स राष्ट्रों की विश्व के आर्थिक विकास में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी है। उन्होंने कहा, “वैश्विक…

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हौसले

अड़चने हों हजारों राह में तेरे साथी हौसलों को कभी कम नहीं होने देना। काटकर गिरि को राहें बनाई हैं तुमने बाँध सागर को जग को दिखाया कभी। चाँद मंगल की सरहद भी लांघा तुमने गहराई पयोधर की भी है नापा सभी। देव दानव सभी करते तेरी ही बड़ाई दुष्करों से आँखें नम तू नहीं…

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नारी है इस जग की मूल… (कविता-3)

नारी है इस जग की मूल रे नर! दे न इनको शूल…..      त्याग, समर्पण, सेवा धर्म      करती यह तन्मय हो कर्म      रखती हरदम सबका मान      घर, आंगन की इनसे शान      झोंक न खुद आँखो में धूल      रे नर! दे न इनको शूल…. दिव्य गुणों से यह परिपूर्ण करती विपदाओं…

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