कविता और कहानी
मन बुद्धि और ध्यान को योग में लगाओ,
मन बुद्धि और ध्यान को योग में लगाओ, और प्यारे प्रभु की कृपा से आनंदमई जीवन बिताओ! सारे फिकर को सौंप दो और योग में सिर्फ घ्यान दो, सब सरल हो जाएगा जीवन कमल खिल जाएगा, सकारात्मक पे सोच लो,नकारात्मक को छोड़ दो, एक बार योग का दामन तुम थाम लो,सारे फिकर त्याग दो! स्वास्थ…
योग आत्मा के परमात्मा से जुड़ाव का संयोग
आत्मा का परमात्मा से जुड़ाव ज़िंदगी का सबसे ख़ूबसूरत पड़ाव पृथ्वी एक ऐसा ग्रह है जहाँ आजकल हर तरफ़ असहिष्णुता और हिंसा का शोरगुल है।जिसके परिणामस्वरूप हरि जनों की मानसिक स्थिति कंपित हो रही है। गोलियों से भूना किसी ने और किसी ने बोलियों से धुन डाला कैसे हज़म करेगी मानव जाति अतृप्त रूहों के…
दोहों के मनके
अपना अपना ज्ञान है,सब जग रहा बखान। माने खुद को ही बड़ा,दें न किसी को मान।। देखो सजा बजार है , दुनिया में सब ओर। अपना अपना ज्ञान वे , बेच रहे पुरजोर ।। ज्ञानी सब बनते फिरें , सच से होकर दूर। अपना अपना ज्ञान ले, फिरते मद में चूर ।। राम और रहमान…
योग और अध्यात्म
आओ, योग करें हम और करें आत्म- मन्थन, योग हमारे लिए आज है कितना उपयोगी? इसका है अभिप्राय पुरुष-प्रकृति की विवेचना और पुरुष- तत्व का आसन- रूप में विश्लेषण है। गीता में भी कहा कृष्ण ने पुरुष-प्रकृति विश्लेषण है, अन्य वक्ता भी इसको इसी अर्थ मैं हैं मानते। इसके होते पन्द्रह प्रकार जो अति महत्वपूर्ण …
सिद्ध बहुत तन की गुफा (दोहे)
साधे तो सधता सभी, योग बड़ा विज्ञान | मन की इच्छा पूर्ण हो, आ जाये संज्ञान || मन की आंखें खोल तो, देख जगह संसार | वरना सब कुछ सो रहा, जो तेरा अधिकार || सांसों में है भेद सब, सब सांसों का सार | भार समर्पित भाव यह, जीवन का आधार || योग चेतन…
आओ मिलकर करेंगे योग
आओ मिलकर करेंगे योग, मिट जाएंगे सारे रोग । सारी दुनिया जिसे करेगी , आया ऐसा शुभ संयोग ।। आओ मिलकर करेंगे योग … चुस्ती फुर्ती मुस्कान रहेगी योग करोगे जीवन में , नहीं बुढ़ापा कभी आएगा काया होगी यौवन में । निडर निर्भीक बनेगा यारों कभी न होगा वह डरपोक । आओ मिलकर करेंगे……।।…
‘योग और अध्यात्म”‘
‘योग और अध्यात्म”‘ ________ क्या देता संसार है हमको लोभ बताता है कीमत स्वयं की क्या है हमको योग बताता। सांसारिक दुखों से ना अस्तित्व बिगड़ता है बेशकीमती कितने तुम अध्यात्म बताता है। क्यों शालीनता है शब्दों में योग बताता है क्यों सभ्य भिखारी जितना राजा योग बताता है। क्यों शिष्टाचार है उत्तर में अध्यात्म…
आपकी हो कृपा तो तृप्ति मिले
आपकी हो कृपा तो तृप्ति मिले शरण में आया है ये प्यासा मन चिर प्रतीक्षा पूर्ण नहीं हो रही मन चाहता नहीं दूसरा कोई धन अनवरत साधना का पथ यूँ दिखे जैसे मृग ढूँढें कस्तूरी को वन वन आपकी वो कृपा आज मुझको मिले जिसको खोजे दुनिया का हर जन सार हीन जीवन ये भी…
योग पर दोहे
योग जगत का सार है,सदगुण लिए हजार। इसकी महिमा से सदा,सुख पावत संसार।। योग सनातन है महा ,दूर करे सब रोग। जिससे पाते सुख सदा,जीवनमें सब लोग।। योग अंग जागृत करी , लाता रंग भरपूर। चमके तेज ललाट पर,मिले खुशी का नूर।। जीवन की हर जीत में ,योग निराला जान। स्वस्थ निरोग जीवन में ,है…
चिंता का सबब बनता गिरता हुआ रुपया
-सत्यवान ‘सौरभ’ रुपये के मूल्यह्रास का मतलब है कि डॉलर के मुकाबले रुपया कम मूल्यवान हो गया है। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 77.44 के सर्वकालिक निचले स्तर पर आ गया। सख्त वैश्विक मौद्रिक नीति, अमेरिकी डॉलर की मजबूती और जोखिम से बचने, और उच्च चालू खाता घाटे से भारतीय रुपये के लिए गिरावट…
