Special Article
हमेशा जीवन बोलना चाहिए, मार्क्स नहीं।
(परीक्षा पर चर्चा विशेष) परीक्षा पर चर्चा 2025 सकारात्मक दृष्टिकोण को प्रोत्साहित करती है, जो परीक्षा के तनाव को कम करती है। छात्रों में आत्म-सुधार और जिज्ञासा को बढ़ावा देती है। शैक्षणिक कठिनाइयों का सामना करने के लिए आत्मविश्वास और दृढ़ता को प्रोत्साहित करती है। तनावपूर्ण स्कूली परिस्थितियों में बच्चों का मार्गदर्शन करने के लिए…
कहा भरोगे पाप की कमाई , ढाबे से लेकर चाय वाले तक ने लूट मचाई
पंकज सीबी मिश्रा / राजनीतिक विश्लेषक एवं पत्रकार जौनपुर, यूपी सम्पूर्ण प्रयागराज इन दिनों श्रद्धालुओं से पटा पड़ा रहा । चारों तरफ कई दिन तक भीसड़ जाम की स्थिति बनी रही । गाड़ियों के बीच बीस से तीस घंटे तक लोगों को सड़कों पर फंसे रहना बेहद कष्टदाई रहा । फरवरी माह में माघी पूर्णिमा…
‘आप’ ने गवां दी सत्ता : कुशलेन्द्र श्रीवास्तव
अंततः आप पार्टी दिल्ली का चुनाव हार ही गई………बहुत लोगों ने बहुत सालों से ऐसा दिन देखने के लिए बहुत सारे सपने देखे थे । पिछले चुनाव में आप पार्टी को जिस तरह से 67 सीटें मिलीं थीं उसे देखकर यह अंदाज लगा पाना कठिन था कि आप पार्टी इस चुनाव में इतनी बुरी तरह…
कठौती में गंगा
सुना है कि श्री गुरु रविदास जी की कठौती में मां गंगा का निवास था। वह मां गंगा के सच्चे भक्त थे और उनके प्रति उनके मन में असीम श्रद्धा थी। एक दिन उनको पता चला कि एक पंडित जी गंगा स्नान करने जा रहे हैं। वह उनके पास गए और हाथ जोड़कर पंडित जी…
भारत में बाल तस्करी : डॉ० पूजा सिंह
भारत में बाल तस्करीबाल तस्करी एक गंभीर अपराध है जिसमें बच्चों को उनके मूल स्थान से जबरन या धोखा देकर ले जाया जाता है और फिर उनका शोषण किया जाता है। यह शोषण कई रूपों में होता है, जिसमें वेश्यावृत्ति, अंग तस्करी, यौन शोषण, बलात श्रम, दासता आदि शामिल हैं। इस समस्या का सामना केवल…
फॉलो – अनफॉलो और सोशल मीडिया से रिश्तों में मचा उथल – पुथल..!
पंकज सीबी मिश्रा / राजनीतिक विश्लेषक एवं पत्रकार जौनपुर, यूपी वर्तमान समय में सोशल मीडिया ने कई घर तोड़े है । लोगो ने इसका जमकर दुरुपयोग किया है । कई जगह सोशल मीडिया के रिश्तों ने बनावट का जो रेतीला महल खड़ा किया है वह घातक और जर्जर साबित हुआ है । आपसी समझ में…
बासंती बयार के बीच चुनावी चर्चा
कुशलेन्द्र श्रीवास्तव चलो बसंत का मौसम भी आ गया । वैसे तो बसंत प्रकृति के पीत वसन पहन लेने का त्यौहार है । हम भारतीय तो त्यौहारों में अपने आनंद को खोजते हैं और इस आनंद मे अपने भविष्य की छवि को निहारते हैं बसंत आया तो बासंती बयार का आनंद लेने लगे । वैसे…
सहज, सरल और सौम्य व्यक्तित्व के धनी, नायब सिंह सैनी, मुख्यमंत्री हरियाणा
खेती-किसानी से मुख्यमंत्री तक का सफर (25 जनवरी जन्मदिन विशेष) नायब सिंह सैनी का जन्म 25 जनवरी, 1970 में गांव मिर्जापुर माजरा, डाकघर लखनौरा, नारायणगढ़, जिला अंबाला हरियाणा में सनातन विचारधारा वाली श्रीमती कुलवंत कौर और श्री तेलू राम के घर में हुआ। माँ घरेलु और पिता भारतीय सेना में थे। कुल मिलकर ये एक…
प्रयागराज भगदड़: प्रशासनिक लापरवाही या भक्तों का उन्माद।
एक पौराणिक शहर की सीमाओं पर विचार करना चाहिए, जिसे अपनी धार्मिक विरासत को बनाए रखते हुए आठ करोड़ लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का काम सौंपा गया है। दस लोगों के लिए डिज़ाइन की गई जगह में सौ लोग कैसे रह सकते हैं? यह विचार करने के लिए एक महत्त्वपूर्ण मुद्दा है। इसके अलावा,…
कैसे वाजिब है 70-90 घंटे काम करना?
लंबे कार्य घंटों का महिमामंडन नहीं किया जाना चाहिए; इसके बजाय, टिकाऊ और कुशल कार्य अनुसूचियों पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए जो उत्पादकता और कर्मचारी कल्याण दोनों को बढ़ावा दें। संतुलित और प्रेरित कार्यबल बनाने के लिए समान वेतन संरचना और वास्तविक समावेशिता आवश्यक है। प्रणालीगत असमानताओं को पहचानना और उनका समाधान करना एक…
