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हर रूह प्रेम की प्यासी है

कविता मल्होत्रा (संरक्षक एवं स्तंभकार – उत्कर्ष मेल) उधार की मिली सब साँसें,हर धड़कन मुक्ति की अभिलाषी है अपनी संवेदनाओं को साग़र कर दें, हर रूह प्रेम की प्यासी है ✍️ अति हर चीज़ की बुरी होती है, बचपन से सुनते आए हैं।मानव जाति से किस तरह के गुनाहों की अति हुई है जिनके परिणाम…

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करोना का भूचाल

करोना का भूचाल करोना ने मचा दिया देश में भूचाल, अनदेखे साये ने कर दिया बवाल। देश विदेश में कर दिया अफरा तफरी का हाल, त्योहारों के उत्सव में कर दिया आतंक। जनता भय से व्याकुल हैं, सरकार हैं विवश, पुलिस चिकित्सक सभी मिलकर लड़ रहे जंग। इस समस्या का एक मात्र अब यही हैं…

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ब्राह्मण महापंचायत में श्रीचौरासिया ब्राह्मण समाज की सक्रिय भागीदारी रहेगी

जयपुर 17 मार्च अखिल भारतवर्षीय श्रीचौरासिया ब्राह्मण महासभा की राजस्थान प्रदेश शाखा सभा के अध्यक्ष पंडित सत्यदेव शर्मा के नेतृत्व में श्रीचौरासिया ब्राह्मण समाज के सैंकडों की संख्या में सदस्यगण रविवार 19 मार्च को जयपुर में विद्याधर नगर स्टेडियम में आयोजित होनेवाली विशाल ब्राह्मण महापंचायत में भाग लेंगे। महामंत्री पं• रविशंकर शर्मा ने बताया कि…

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एक खुली चिट्ठी प्रधानमंत्री मोदी के नाम

आदरणीय महामना मान्यवर मोदी जी आपको इस वर्ष के पहले दिन से ही मन की बात एक आम नागरिक के तौर पर कहना चाह रहा था।कुछ अच्छा होने की आशा कीइंतजार करते करते थक कर आज लिख रहा हूं!बहुत ही अच्छा लगा था,जब आप पहली बार प्रधानमंत्री के रूप में शपथ लेनेसे पहले लोकतन्त्र के…

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गोकुल ने रंग लगाया

सतरंगी डोली में बैठीहोली आई रे। ऋतु बसंत की ओढ़ चुनरिया होली आई रे। मधुऋतु की आंखों को जब,मौसम ने किया गुलाबी,बासंती बयार ने फागुन,को कर दिया शराबी। झूम-झूम कर फाग सुनाती होली आई रे। हर आंगन में रंग बिछे हैंमन की चूनर गीली,धरती गगन हुए सतरंगे,प्रकृति हुई रंगीली। लगा प्रीति का काजल देखो होली…

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खुदीराम बोस

(03 दिसंबर, 1889 से 11 अगस्त, 1908) प्रारंभिक जीवन :- खुदीराम बोस का जन्म 03 दिसंबर, 1889 ई. को बंगाल में मिदनापुर ज़िले के हबीबपुर गाँव में हुआ था। उनके पिता का नाम श्री त्रैलोक्य नाथ बोस और माता का नाम श्रीमती लक्ष्मीप्रिय देवी था। बालक खुदीराम के सिर से माता-पिता का साया बहुत जल्दी…

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राखी के दोहे

धागा यद्यपि सूत का,पर दृढ़ औ’ मजबूत । बहिन-सहोदर नेह का,बन जाता जो दूत ।। पर्वों का यह पर्व है,जिसमें रक्षा,नेह । अंतर्मन उल्लास में,होती पुलकित देह ।। धागा बस इक माध्यम,पलता है विश्वास । जिसमें रहती निष्कपट,मीठी-सी इक आस ।। बचपन की यादें लिये,बिखरे मंगल गान । सम्बंधों में है सजा,संस्कार का मान ।।…

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देश की समस्याओं का नीतिगत हल जरूरी !

दुर्भाग्य है कि आजकल सत्ता से असहमत होने के अधिकार से जनता को वंचित करने की लगातार कोशिश की जा रही । किसान आंदोलन के नाम पर सरकार अपने विरोधीयों को देशविरोधी साबित कर भारतीय संविधान  के असहमति और तर्क के सौंदर्य की हत्या करने एवं संविधान में दिये गये अभिव्यक्ति स्वातंत्र्य के अधिकार को…

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भव्या फाउंडेशन का ‘भव्य सम्मान समारोह’ जयपुर में संपन्न हुआ

अंतर्राष्ट्रीय मैत्री सम्मलेन और ग्लोबल एक्सेलेंसी अवार्ड -2023 में देश ,विदेश और प्रदेश की 200 प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया ,जिनमे निशक्त जन, कैंसर पीड़ित और आटिज्म वर्रिएर्स, नेत्रहीन बच्चों और बाल बसेरा गृह के बच्चों को भी सम्मानित किया गया इस बार इस प्रोग्राम में 15 देशों के अवार्डीज़ शामिल हुए । इस रविवार…

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हिन्दी जन जन का आधार है

-राजकुमार अरोड़ा गाइड हिन्दी के लिये बड़े जागरूकता, हो सरल सुबोध,हिन्दी का प्रचार। यही भारत का गर्व,गरिमा,अभिमान इसी का ही तो  करना है खूब प्रसार।। अंग्रेजी अंग्रेजी रटने वालो,तुमने स्वयं,  ही तो मातृभाषा का मान घटाया है। क्या कभी अंग्रेजों ने,अपने देश में किसी भी तरह,अंग्रेजी दिवस मनाया है।। हिन्दी,मनभावन हिन्दी, दुलारी हिन्दी, हिन्दी  पूरे…

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