Latest Updates

साईकिल

           इलाहाबाद का नैनी इलाका कभी बंजर जमीन था जहां उपज के नाम पर कुछ भी नहीं था लोग  सब्जी तथा फूलों का व्यवसाय करके अपना घर चलाते थे।उन‌ खाली जमीनों पर करीब सत्तर के दशक में कुछ पूंजीपतियों की नजर पड़ी और उन्होंने उसे खरीदकर उनपर अपनी-अपनी फैक्ट्रियां बनानी चालू कर दीं। इससे दो फायदा…

Read More

मसखरे

मसखरे हो चले हों लोग जहाँ के मसखरेपन में ही हो जब सिंहासन और मजाक में ही उड़ा दी जाती हों जहाँ लोगों की समस्याएं दोनों तरफ से नहीं हो किसी को भी जन-पीड़ा से कोई सरोकार की जाती हों जब मीठी-मीठी बातें दोनों छोर से और पिटवाई जाती हों उन्हीं से तालियाँ और नचाया…

Read More

सभ्य असभ्य इसी धरती पर।

डॉक्टर चंद्रसेन भारती सभ्य असभ्य इसी धरती पर। देव धनुज रहते आऐ। रावण से सब घृना करते  राम नाम सुन हर्साऐ। धरती से ही सोना उपजे, कोयला खान नजर आए। मंथन से कोलाहल निकला, अमृत वही नजर आए। संस्कार मिलते हे घर से, गली गलियारे मिलें नहीं। कागा धन ना हरे किसी का, कोयल किसको…

Read More

    अग्नि नैया

कहानी (डोली शाह)        नीलिमा मेरी बचपन की बहुत अच्छी सहेली थी। आधा किलोमीटर की दूरी पर घर होने के कारण हमारा प्रायः एक बार मिलना हो ही जाता था । सौभाग्य से उसका विवाह भी मेरी ही कॉलोनी के  सीमेंट फैक्ट्री के मेनेजर से हो गया , जिससे दोनों की दोस्ती और भी घनिष्ठ…

Read More

सत्य की खोज : आशा सहाय

दिनांक– बारह दिसम्बर दो हजार तेइस।–नवभारत टाइम्स मे 'द स्पीकिंग ट्री' के अन्तर्गत श्री जे. कृष्णमूर्ति के कुछ विचार पढ़े जिन्होंने मुझे सोचने को प्रेरित करते हुए बहुत हद तक सहमत होने पर विवश किया। उनके विचार सत्य की खोज पर आधारित थे । उन्होंने इस बात पर विशेष बल दिया कि सत्य की खोज…

Read More

पुस्तक परिचय : शब्दों की बीज

स्त्री-विमर्श के नव मूल्य स्थापित करती कविताएँ अनिता कपूर जी की कृति *शब्दों के बीज* हाथ में है शीर्षक पर ही देर तक नज़र ठहरी रही। मन में एक मंथन इस शीर्षक को लेकर देर तक चला। कई प्रकार के विचार आ- आकर मन की चौखट पर दस्तक देने लगे। आख़िर क्या है शब्द बीज?…

Read More

पुस्तक परिचय : संगम शब्दों का

लेखिका की कलम  से संगम शब्दों का – यह एक यथार्थ अभिव्यक्ति  है।  जिसमें, काल्पनिकता का समावेश ना होकर यथार्थ के चित्रण को  अभिव्यक्त किया गया है। संपूर्ण पुस्तक में उन सभी पहलुओं व मुद्दों पर प्रकाश डाला गया है जो कि,हमारे आसपास में घटित होते हैं । चाहे वह आर्थिक हो ,धार्मिक हो, सामाजिक…

Read More

नेपाल के अंतरराष्ट्रीय अवॉर्ड के लिए प्रविष्टियां आमंत्रित

लुंबिनी, नेपालदिसंबर 23। देश विदेश की विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सम्मान समारोह का आयोजन किया जा रहा है।विभिन्न क्षेत्र की छुपी हुई उल्लेखनीय प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने तथा प्रोत्साहित करने के लिए नेपाल के पवित्र धार्मिक स्थल भगवान गौतम बुद्ध की जन्मभूमि लुंबिनी प्रांत…

Read More

आनन्द गिरि मायालु अंतरराष्ट्रीय हिंदी परिषद के नेपाल प्रमुख नियुक्त

कलकत्ता, 22 दिसंबर।हिंदी भाषा, साहित्य, कला और संस्कृति के विकास के लिए विश्व स्तर पर कार्य कर रही संस्था ” अंतरराष्ट्रीय हिंदी परिषद ” ने कार्य विस्तार किया है।इस अवसर पर नेपाल के युवा कवि, लेखक, पत्रकार, साहित्यकार और समाजसेवी आनन्द गिरि मायालु को संस्था का ” नेपाल प्रमुख ” नियुक्त किया गया है। परिषद…

Read More