राष्ट्रिय कवि पंकज शर्मा ‘विद्यावाचस्पति सम्मान’ से सम्मानित
अनुराधा प्रकाशन परिवार बड़े गर्व एवं प्रसन्नता के साथ साझा कर रहा है कि ‘सुदीर्घ हिंदी सेवा, सारस्वत साधना तथा कला के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धियों के साथ राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा के आधार पर विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ की अकादमी परिषद की अनुशंसा पर बदायूँ, बिसौली के साहित्यकार, कवि एवं गीतकार पंकज शर्मा को विद्यावाचस्पति सम्मान…
फ़क़ीर (कविता)
श्वेत वसन दाढ़ी सफ़ेद खाली दिखते हाथ चेहरे पर हैं झुर्रियां दीखे मलिन सी गात काम क्रोध मोह लोभ से इसका क्या सरोकार ये तो एक फ़क़ीर है जग इसका परिवार पाकर चंद सिक्के ही दे झोली भर आशीष ये दुनिया तो फ़ानी है देता सबको ये सीख सब धरा रह जाएगा मोह न किसी…
हमने महंगाई, बेरोजगारी नहीं दी”: राहुल गांधी
नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने देश में महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दों का हवाला देते हुए गुरुवार को भाजपा पर तंज कसा. फेसबुक पर राहुल गांधी ने लिखा कि बीजेपी हमसे पूछती है कि हमने 70 साल में क्या किया? मेरा जवाब है कि हमने देश को महंगाई और बेरोजगारी इतनी नहीं दी,…
जा रहा है कोरोना
जा रहा है कोरोना लेकर कितनों की जान कितनों की बर्बादी ,कितनों का ईमान इतिहास गवाही देगा, उनकी तबाही की गूंजती है जिनके रोने की आवाज खुलने लगे हैं बाजार होने लगी है चहल पहल सुनाई देने लगी गानो की आवाज,पर गूंजती है उनके रोने की आवाज छिन गई है जिनके घरों में रोटियां बुझ…
राष्ट्रीय ब्राह्मण महासम्मेलन 9 जनवरी को आयोजित होगा
अखिल भारतवर्षीय श्रीचौरासिया ब्राह्मण महासभा के आह्वान पर देश के विभिन्न क्षेत्रों मे कार्यरत राष्ट्रीय ब्राह्मण संगठनों के सानिध्य में राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में राष्ट्रीय ब्राह्मण महासम्मेलन 9 जनवरी 2022 को दिल्ली-कर्नाटक संघ सभागार, राव तुलाराम मार्ग, (मोतीबाग मेट्रो स्टेशन के नीचे ) में आयोजित होगाआज दिनाक 13 दिसम्बर 2021 को यहाँ उक्त जानकारी…
गीतिका (गज़ल)
तेरे होंठों की चंचल हंसी से मेरेदिल में फूलों के जैसे चमन खिल गयेतेरी बाँहों में सिमटी तो ऐसा लगामेरे पहलू में धरती गगन खिल गये तेरी धड़कन में धड़कन मेरी खो गयीदेह अधरों से पावन मेरी हो गयीयूँ संवारा मुझे प्रीत की रीत नेशब्द के भाव से सब वचन खिल गये दो बदन प्रेम…
पिता को नमन और वन्दन करता हूँ (कविता 5)
जिनके मन की भाव तरंगें आसमान को छू आती थी जिनके अनुशासन की छाहै मेरी सत्य दिशा दात्री थी। जिसने मेरी अगुली पकडी और मुझे चलना सिखलाया जिसने धरती पर लिख लिख वर्णो से परिचय करवाया।। जिसने मुझको जीवन देकर मानवता का पाठ पढ़ाया अन्तर्मन में ज्योति जलाकर अन्धकार से बाहर लाया ।। सत्य निष्ठ…
होली महापर्व
विधा:-विधाता छंद मनाते होलिका मन से, सभी त्यौहार से बढ़कर। बनें पकवान पूजा के, गुलरियों माल घर रख कर। बड़ी होली रखें गावों, लकडियाँ बीच में रख कर। सुहाना फाल्गुन महीना, मनाते पूर्णिमा तिथि पर॥ जलाते पूजकर होली, सभी जन फाग गाते हैं। जलाने घर रखी होली, वहीं से आग लाते है। नये गेंहू भुजीं…
