जन्मदिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ
ऋतुएँ तो आती जाती रहेंगी नए-नए रंग दिखाती रहेंगी आ.डॉ सरोजिनी प्रीतम जी हंसिकाओं से हंसाती रहेंगीं एक ऐसी हास्य परी जो अपने सान्निध्य में आने वाले हर उम्र के व्यक्ति को मुस्कुराहटों का अनमोल तोहफ़ा निःशुल्क उपलब्ध करवातीं हैं।हर घटना पर अपने चुटीले अँदाज़ से व्यंग्यात्मक हंसिकाएं रचकर समूची मानव जाति की मानसिकता को…
‘बापू’तेरी जैसी संतान पाकर,
डॉक्टर सुधीर सिंह ‘बापू’तेरी जैसी संतान पाकर, भारत माता धन्य हो गई थी. आज भी वैसी संतान के लिए, व्याकुल हो रही है माँ भारती! विषमता से भरे इस समाज में, देशभक्तों की बहुत ही कमी है. परेशान भारत माता कहती है, कोईअब महात्मा गांधी नहीं है. बापू! ईमानदारी की पूछ नहीं, दिव्य-दृष्टि से तुम…
मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देकर भगाएंगे अवसाद !
मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने वाली गतिविधियां ,कार्यस्थल पर तनाव निवारण कार्यक्रम, हिंसा निवारण कार्यक्रम इत्यादि को संचालित कर के मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं । इससे एक शारीरिक एवं मानसिक रूप से सशक्त व्यक्ति का निर्माण एवं एक बेहतर राष्ट्र का निर्माण किया जा सकता हैं । एक शारीरिक एवं मानसिक रूप…
गाँधी जी व शास्त्री जी (दोनों विभूतियों को नमन!)
मनमोहन शर्मा ‘शरण’ (संपादक) 2 अक्टूबर , दो महान विभूतियों की जयन्ती (राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी, जिन्हें हम बापू कहकर भी पुकारते हैं और किसानों के मसीहा कहें अथवा अपने जीवन में शून्य से शिखर तक की यात्रा तय करने वाले पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी) पर बधाई एवं अनन्त शुभकामनाएं ।देश की जनता का…
युवा पीढ़ी के प्रेरणा स्त्रोत है- मनमोहन शर्मा ‘शरण’
लाल बिहारी लालधरती पर लोग जन्म लेते है और अपने ढंग से जीते है औऱ एक दिन इस दुनिया को छेड़कर चले जाते हैँ।यही प्रकृति का नियम है।लेकिन इस धरातल पर कुछ ऐसे महान यशस्वी भी जन्म लिए है जो हमारे बीच हैं,जो दूसरों के लिए जीते है औऱ अपने सद्कर्मों से जन मानस के…
❤️ ये बाईं ओर रहता है ❤️
*ये जो सीने में मेरे . बाई और रहता हैं बखूबी सारे रिश्ते निभाने को कहता है, हम काम में उलझ जाते तो, तो ये प्रकृति की धड़कन सुनाता है तर्क की बेरंग दुनिया में ये इश्क़ का रंग भरता है अक़सर यादों की सैर कराता है ये जो सीने में मेरे ❤️बाईं ओर रहता…
देश की समस्याओं का नीतिगत हल जरूरी !
दुर्भाग्य है कि आजकल सत्ता से असहमत होने के अधिकार से जनता को वंचित करने की लगातार कोशिश की जा रही । किसान आंदोलन के नाम पर सरकार अपने विरोधीयों को देशविरोधी साबित कर भारतीय संविधान के असहमति और तर्क के सौंदर्य की हत्या करने एवं संविधान में दिये गये अभिव्यक्ति स्वातंत्र्य के अधिकार को…
