जीवन गरम चाय की प्याली
पुस्तक समीक्षा : कविता मल्होत्रा ये गर्म चाय की प्याली नहीं बल्कि जीवन को सार्थक दृष्टिकोण देती वो खुशहाली है, जिसके अमृत पान से समूचे ब्रह्मांड में जागृति रूपांतरित हो सकती है। समीक्षा तो नहीं हो पाएगी मुझसे इस अनाहद नाद की कोशिश ज़रूर रहेगी,जागृति संग रहे आपके हर अल्फ़ाज़ की कई दिन से इस अनूठे…
